काश्मीर देखने का ख्वाब हर किसी का होता है। आज इस ख्वाब ने हक़ीक़ात का रूप धार लिया। ४ अप्रैल २०१८ हमारी मुसाफिरों से भरी indigo flight ने ४-३० बजे शाम श्रीनगर airport पर लैंडिंग की। आसमान से बर्फ़ की चोटियां नज़र आगयी थी। हमारा पहला पड़ाव श्रीनगर से २ घंटे दूरी पर पहलगाम था। पुरे रस्ते में रवानी से बहती नदियां ,झरने ,सरसू के खेत मानो किसी ने मैदानों में पीली पीली चादरें बिछा दी हो। सेब के पेड़ों पर फूलों की बहार थी। जगह जगह अखरोट ,खूबानी,चीड़ ,देवदार ,चिनार के दरख्त हाथ उठाये दुआओं में मसरूफ। ज़ाफ़रान के खेत। कुदरत अपनी पूरे हुस्न को लुटाते दिखाई पड़ी।
पहलगाम के खूबसूरत hotel heevan में दो दिन क़याम रहा ,होटल क्या थी जन्नत मक़ाम था ,लकड़ियों से बनी ३ मंज़िला इमारत १५० कमरे। इमारत की खिड़की से साफ़ शफ़ाफ़ पड़ोस में बहती नदी ,बर्फ से ढके पहाड़ों की चोटियां नज़र आती थी।
पहलगाम के खूबसूरत hotel heevan में दो दिन क़याम रहा ,होटल क्या थी जन्नत मक़ाम था ,लकड़ियों से बनी ३ मंज़िला इमारत १५० कमरे। इमारत की खिड़की से साफ़ शफ़ाफ़ पड़ोस में बहती नदी ,बर्फ से ढके पहाड़ों की चोटियां नज़र आती थी।



